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Monday, 5 October 2020

सबसे अधिक खराब दशा दिलदारनगर-देवल मार्ग से गुजरना जान जोखिम में डालने के समान

स्थानीय तहसील की अधिकांश सड़कें खराब हो चुकी हैं और सड़कों पर गड्ढे हो जाने की वजह से लोगों को आने-जाने में काफी परेशानी झेलनी पड़ती है। सबसे अधिक खराब दशा दिलदारनगर-देवल मार्ग की है, जो बिहार राज्य को जोड़ती है। इस मार्ग जगह-जगह गड्ढा हो जाने की वजह से लोगों को आने जाने में दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। सेवराई तहसील के अधिकांश सड़क जो खराब हुई है, वह लिंक मार्ग व मुख्य मार्ग है। गहमर-सायर मार्ग, मनिया-देवल मार्ग, भदौरा-महना मार्ग, सायर राजमहल बांध, हरिकेशपुर मार्ग, बकसडा मिश्रवलिया मार्ग, सुरहा लिंक रोड मार्ग अत्यंत खराब हो गया है। इसपर चलना खतरा से खाली नहीं है। वहीं सबसे अधिक मार्ग खराब है और वह है दिलदारनगर-देवल मार्ग है, जो सीधे यूपी और बिहार को जोड़ता है। 

इस मार्ग पर जगह-जगह गड्ढे हो जाने पर विभागीय की तरफ से गड्ढों में ईंट का टुकड़ा डालकर छोड़ दिया गया है, जिससे दुर्घटना की आशंका इस मार्ग पर बनी रहती है, क्योंकि ईट की टुकड़ी उसी तरह रोड पर बिखरी पड़ी हुई है, जिससे लोगों को आने जाने में काफी परेशानी झेलनी पड़ती है। इस मार्ग पर लहना, भास्कर दयालपुर, देवल, हरिकेशपुर, सुरहा, अमौरा, गोड़सरा, धनाडी, उसिया आदि गांव के अलावा बिहार प्रांत के लोग प्रतिदिन दिलदारनगर बाजार करने आते हैं, लेकिन इस मार्ग पर बड़े-बड़े गड्ढे में ईंट के टुकड़े डाल देने की वजह से आने-जाने में काफी परेशानी झेलनी पड़ती है। 

टुकड़ी को उसी तरह विभागीय अधिकारी छोड़ देने की वजह से इस मार्ग पर चलने पर दुर्घटना की आशंका बनी रहती है। वही सुरहा लिंक रोड मार्ग अभी 4 महीना पहले ही बना है जिस पर मार्ग पर जगह-जगह गड्ढे हो गए हैं इस पर चलना काफी मुश्किल हो गया है सुरहा गांव के किसान अपने सब्जी बेचने के लिए दिलदारनगर भदौरा एवं बिहार राज्य को जाते हैं लेकिन मार्ग पर गड्ढे हो जाने की वजह से उन्हें अपने सब्जी लेकर जाने में परेशानी झेलनी पड़ती है। वहीं क्षेत्रीय लोगों ने बताया कि विभागीय अधिकारी जिन गड्ढों में ईंट की टुकड़ी डाले हैं उसे रोलर से दबा देने से आने जाने में कोई परेशानी नहीं होती लेकिन उसी तरह ईट की कड़ी छोड़ देने से इस रोड पर चलने पर दुर्घटना की आशंका बनी रहती है।

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